Join For Latest Government Job & Latest News

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Class 10th Hindi Grammar Varn Vichar Subjective and Objective Questions [ हिंदी व्याकरण ] वर्ण विचार सब्जेक्टिव और ऑब्जेक्टिव क्वेश्चन
Class 10th Disaster Management Subjective Question Class 10th Subjective Question

Matric Disaster Management Subjective Questions [ आपदा प्रबंधन ] प्राकृतिक आपदा एक परिचय सब्जेक्टिव क्वेश्चन 2024

आपदा प्रबंधन (Disaster Management) प्राकृतिक आपदा एक परिचय सब्जेक्टिव क्वेश्चन 2024:- हैलो दोस्तो अगर आप मैट्रिक परीक्षा 2024 के लिए तैयारी कर रहे है तो यहां पर क्लास 10th Disaster Management आपदा प्रबंधन का महत्वपूर्ण ऑब्जेक्टिव क्वेश्चन आंसर ( Class 10th Disaster Management vvi Subjective Question Answer ) दिया गया है यहां पर क्लास 10th आपदा प्रबंधन 2024 का मॉडल पेपर ( Class 10th Disaster Management Model Paper ) तथा ऑनलाइन टेस्ट ( Online Test )
भी दिया गया है और PDF डाउनलोड कर के भी पढ़ सकते हैं । और आप मैट्रिक के फाइनल एग्जाम में अच्छा मार्क्स ला सकते हैं और अपने भाविष्य को उज्वल बना सकते है धन्यवाद –

Join us on Telegram

Matric Disaster Management Subjective Questions [ आपदा प्रबंधन ] प्राकृतिक आपदा एक परिचय सब्जेक्टिव क्वेश्चन 2024

प्रश्न 1. आपदा प्रबंधन की आवश्यकता क्यों है ?

उत्तर ⇒ आपदा कोई भी हो उसका प्रबंधन अनिवार्य है। आपदा से न सिर्फ विकास कार्य अवरुद्ध होते हैं, वरन् विकास कार्यों में कई व्यवधान भी उत्पन्न होते हैं। यद्यपि राष्ट्रीय स्तर तथा राज्य मुख्यालय स्तर पर प्रबंधन की व्यवस्था की गई है । जैसे सुखाड़ प्रबंधन हेतु आम लोगों की सहयोग से या सामूहिक प्रयास से
ही कुएँ की खुदाई हो सकती है । भूकम्प प्रबंधन हेतु नये तकनीक आधारित भवन निर्माण कार्य किया गया

प्रश्न 2. प्राकृतिक आपदा के विभिन्न प्रकारों की विवेचना कीजिए।

उत्तर ⇒ मानव पर दुष्प्रभाव डालने वाले प्राकृतिक परिवर्तनों को प्राकृतिक आपदाएँ कहते हैं । ज्वालामुखी विस्फोट, भूकम्प, सुनामी, सूखा, बाढ़, चक्रवात, मृदा अपरदन, हिमस्खलन, भू-स्खलन आदि प्राकृतिक आपदाओं के मुख्य उदाहरण हैं । इनमें अधिकांश आपदाएँ प्राकृतिक शक्तियों द्वारा उत्पन्न होती है ।
प्राकृतिक आपदा की गति तीव्र होती है। इसका प्रभाव तात्कालिक होता है। इसमें ऐसी ताकतें होती हैं जो मानव के नियंत्रण में नहीं है। यह थोड़े समय में और बिना चेतावनी के घटित होती है जिसकी वजह से मानव जीवन के क्रियाकलाप अवरुद्ध होते हैं तथा बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान होता है।
मानव जनित आपदा भोपाल गैस त्रासदी, चेरनोबिल, नाभिकीय आपदा, ग्रीन हाउस प्रभाव, भूमंडलीय तापन, वायु, जल, भूमि, ध्वनि प्रदूषण आदि पर्यावरणीय प्रदूषण संबंधी आपदाएँ मानवीय क्रियाकलापों के परिणाम हैं। कुछ प्राकृतिक आपदाओं को मानवीय गतिविधियों से बढ़ावा मिलता है।
उदाहरण– वनों को काटने से बाढ़, सूखा, भू-स्खलन आदि मानवकृत कुछ आपदाओं को मानव की अवांछनीय क्रियाकलापों पर रोक लगने से कम किया जा सकता है। लेकिन प्राकृतिक आपदाओं पर रोक लगाना असंभव होता है।

प्रश्न 3. आपदा कितने प्रकार के होते हैं ? अथवा, आपदा के विभिन्न प्रकारों का वर्णन करें।

उत्तर ⇒ आपदा दो प्रकार के होते हैं
(i) प्राकृतिक आपदा भूकम्प, सुनामी, बाढ़, सूखा, चक्रवात, हिमस्खलन, ओलावृष्टि, भू-स्खलन आदि ।
(ii) मानवजनित आपदा आतंकवाद, साम्प्रदायिक दंगे, महामारी आदि ।

प्रश्न 4. आपदा से आप क्या समझते हैं ?

उत्तर ⇒ प्राकृतिक व्यवस्था में जब कई कारणों से अकारण व्यवधान उत्पन्न होते हैं, तो वे व्यवधान ही प्रकृति जनित आपदा के रूप में हमारे सामने उपस्थित होते हैं । प्राकृतिक आपदाओं में बाढ़, सूखाड़, भूकम्प और सुनामी अति विनाशकारी है । इसके अलावे चक्रवात,
ओलावृष्टि हिमस्खलन, भू-स्खलन जैसी घटनाएँ भी प्राकृतिक आपदा के ही अंग हैं ।

प्रश्न 5. भारत में सुनामी से बर्बादी कब और कहाँ हुई थी ?

उत्तर ⇒ 2002 में भारत के पूर्वी तट तथा अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में सुनामी से भारी बर्बादी हुई थी ।

प्रश्न 6. कोई भी प्रबंधन कार्य कब तक सफल नहीं हो सकता है ?

उत्तर ⇒ कोई भी प्रबंधन कार्य तब तक सफल नहीं हो सकता जब तक कि उसमें आमलोगों की सहभागिता नहीं होती है ।

प्रश्न 7. अधः सागरीय भूकम्प के कारण समुद्र में उठने वाली बहुत ऊँची-ऊँची लहरें क्या कहलाती हैं ?

उत्तर ⇒ अधः सागरीय भूकम्प के कारण समुद्र में उठने वाली बहुत ऊँची-ऊँची लहरें सुनामी लहरें कहलाती हैं। –

प्रश्न 8. 1984 ई० में भोपाल स्थित यूनियन कार्बाइड के कारखाने से रिसने वाली किस गैस के कारण भयंकर दुर्घटना हुई थी ?

उत्तर ⇒ 1984 ई० में भोपाल स्थित यूनियन कार्बाइड के कारखाने से रिसने वाली मिथाइल आइसोसायनेट (MIC ) गैस के निकलने से भयंकर दुर्घटना हुई थी।

प्रश्न 9. भू-स्खलन जैसी समस्या कब उत्पन्न होती है ?

उत्तर ⇒ हिमालय प्रदेश में विकास कार्यों में लगातार हो रही वृद्धि तीव्र ढाल पर अवस्थित चट्टानों को कमज़ोर बना देती है और उन्हीं चट्टानों के टूटने से भू-स्खलन जैसी समस्या उत्पन्न होती है ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *